सरायकेला/आदित्यपुर : झारखंड के राज्यपाल महामहिम संतोष कुमार गंगवार ने मंगलवार को आदित्यपुर स्थित नेताजी सुभाष मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल में नवनिर्मित कैथ लैब का फीता काटकर उद्घाटन किया. कैथ लैब शुरू होने के बाद अब संस्थान में हृदय रोग से संबंधित जांच और इंटरवेंशनल कार्डियक उपचार की सुविधाओं उपलब्ध हो गया है.

इस अवसर पर पर महामहिम संतोष कुमार गंगवार ने संस्थान द्वारा शिक्षा और स्वास्थ्य के क्षेत्र में किए जा रहे कार्यों की सराहना की. उन्होंने चेयरमैन मदन मोहन सिंह के प्रयासों की प्रशंसा करते हुए कहा कि कम समय में मेडिकल कॉलेज अस्पताल में जिस तरह सुविधाएँ उपलब्ध कराई गई है, वह स काबिले तारीफ है. उन्होंने संस्थान से जुड़े चिकित्सकों, अधिकारियों और कर्मचारियों को शुभकामनाएं दीं. इससे पूर्व चेयरमैन मदन मोहन सिंह ने राज्यपाल को अंगवस्त्र और पुष्पगुच्छ भेंट कर उनका स्वागत किया.
इस अवसर पर संस्थान के चेयरमैन मदन मोहन सिंह ने कहा कि मेडिकल कॉलेज अस्पताल को लेकर जो वादा किया था, वह पूरा किया है. अस्पताल में आधुनिक चिकित्सा सुविधाएं लोगों को रियायती दर पर उपलब्ध है. उन्होंने कहा कि अब हृदय रोग से संबंधित मरीजों के इलाज की दिशा में भी अस्पताल ने बड़ा कदम बढ़ाया है. हमारे चिकित्सक लगातार बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने का प्रयास कर रहे हैं.

उन्होंने बताया कि संस्थान में जनरल मेडिसिन, जनरल सर्जरी, ऑर्थोपेडिक्स, शिशु रोग, स्त्री एवं प्रसूति रोग, रेडियोलॉजी, नेत्र रोग, ENT, त्वचा रोग, मनोचिकित्सा और अन्य विभाग संचालित हैं. यहां 300 से अधिक फैकल्टी एवं डॉक्टर जुड़े हुए हैं और सोमवार से शनिवार सुबह 9 बजे से दोपहर 3 बजे तक निःशुल्क OPD की व्यवस्था भी है. इसी कड़ी में कैथ लैब की शुरुआत को हृदय रोग चिकित्सा सेवाओं के विस्तार की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है. सामान्य तौर पर कैथ लैब में कोरोनरी एंजियोग्राफी और जरूरत के अनुसार एंजियोप्लास्टी जैसी इंटरवेंशनल कार्डियोलॉजी प्रक्रियाएं की जाएगी .
800 से अधिक बेड का अस्पताल, अब हृदय रोग उपचार की दिशा में बढ़ा कदम
मदन मोहन सिंह ने बताया कि इसकी स्थापना वर्ष 2024 में हुई और इसकी क्षमता 800 से अधिक बेड की है. यहां 24 घंटे इमरजेंसी सेवा के साथ ICU, ICCU, NICU और PICU मिलाकर 30 क्रिटिकल केयर बेड उपलब्ध होने का उल्लेख है. अस्पताल आयुष्मान भारत-प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना से भी सूचीबद्ध है.चेयरमैन मदन मोहन सिंह ने समूह की भावी योजना की जानकारी देते हुए कहा कि अगला बड़ा कदम टाटा-रांची नेशनल हाईवे पर तैयार हो रहे मेडिकल कॉलेज अस्पताल को शुरू करना है. उन्होंने दावा किया कि वर्ष 2027 में वहां भी अस्पताल अस्तित्व में आ जाएगा.

उल्लेखनीय है कि नेताजी सुभाष समूह शिक्षा के क्षेत्र में पहले से सक्रिय है और आदित्यपुर में मेडिकल कॉलेज की स्थापना के बाद स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा के क्षेत्र में इसका विस्तार हुआ है. फिलहाल आदित्यपुर मेडिकल कॉलेज में MBBS की 100 सीटें हैं. कैथ लैब की शुरुआत के साथ संस्थान ने अब सुपर स्पेशियलिटी प्रकृति की हृदय रोग सेवाओं की दिशा में भी कदम बढ़ाया है. इस नई सुविधा से सबसे बड़ी उम्मीद यह है कि आदित्यपुर, सरायकेला-खरसावां और आसपास के क्षेत्रों के हृदय रोगियों को जांच और उपचार के लिए दूर के बड़े चिकित्सा केंद्रों पर निर्भरता कम करने में मदद मिलेगी.
उद्घाटन समारोह में सरायकेला-खरसावां के डीडीसी, पुलिस अधीक्षक मनोज स्वर्गियारी, संस्थान के चेयरमैन मदन मोहन सिंह, प्राचार्य प्रो. डॉ. केदार नाथ सिंह, डॉ. केएम सिन्हा, मृत्युंजय झा, केके सिंह सहित कॉलेज एवं अस्पताल के चिकित्सक, कर्मचारी और प्रशासनिक अधिकारी मौजूद रहे.


