आदित्यपुर : एससी/ एसटी /ओबीसी समन्वय समिति की ओर भारत रत्न बाबा साहब डॉ भीमराव अंबेडकर की जयंती पर आदित्यपुर में ऐतिहासिक शोभा यात्रा निकाला गया और भव्य सभा आयोजित की गई। इसमें रिमझिम बारिश में सभी वर्ग समुदाय के सैकड़ों की संख्या में गणमान्य लोग शामिल हुए। इसके अलावे अंबेडकर साहब के सच्चे अनुयाई सुग्रीव मुखी भीम राव अंबेडकर की तस्वीर के साथ बाबा साहेब की शक्ल में रथ पर सवार थे, जो कि अपने हाथों में संविधान लिये हुए थे।

आदित्यपुर स्थित फुटबॉल मैदान से शोभा यात्रा घोड़ा रथ और बैंड पार्टी के साथ निकाला गया जो फुटबॉल मैदान से टाटा- कांड्रा मुख्य सड़क होते हए आकाशवाणी चौक पहुंच। वहां से आदित्यपुर दो जाने वाली मुख्य सड़क होते हुए आदित्यपुर दो स्थित अंबेडकर चौक पहुंचा। जहां यात्रा में शामिल गणमान्य लोगों ने चौक पर स्थित भारत रत्न बाबा साहब डॉ भीमराव अंबेडकर की प्रतिमा पर माल्यार्पण किया। साथ ही झंडोतोलन भी किया।
इसके बाद शोभा यात्रा जागृति मैदान में पहुंचकर सभा में तब्दील हो गया। समिति के वरिष्ठ संरक्षक, सेवानिवृत्ति पुलिस उपाधीक्षक और अखिल झारखंड दुसाध महासभा सरायकेला- खरसावां के अध्यक्ष सरयू पासवान की अध्यक्षता में सभा आयोजित की गई। जबकि संचालन वरिष्ठ पत्रकार एलबी शास्त्री ने किया। इस अवसर पर समिति की ओर से सभी अतिथियों को गमछा ओढ़ाकर और फूलों का गुलदस्ता देकर सम्मानित किया गया। इस अवसर पर दो बहने रश्मि और जुही ने बाबा साहेब के जीवनी पर कविता सुना कर दर्शकों का मन मोह लिया।

इस अवसर पर सरयु पासवान ने कहा कि डॉ भीमराव अंबेडकर समाज सुधारक, राजनीतिज्ञ, अर्थशास्त्री, वकील, लेखक, चिंतक, भारत के पहले कानून मंत्री, संविधान निर्माता, भारत रत्न एवं महान विचारक थे। इसलिए हम सभी को उन्हें याद करने के साथ नमन करना चाहिए और उनके द्वारा बताए हुए मार्ग तथा देशहित में किए गए कार्यों का अनुसरण करते हुए समाज व राष्ट्र के नव निर्माण में अहम भूमिका निभानी चाहिए। उन्होंने कहा कि संविधान के निर्माता,ज्ञान और विलक्षण प्रतिभा संपन्न डॉ आंबेडकर ने प्रतिकूल परिस्थितियों में भी एक शिक्षाविद, कानून विशेषज्ञ, अर्थशास्त्री, राजनीतिज्ञ और समाज सुधारक के रूप में काम किया। उन्होंने भारतीय स्वतंत्रता संग्राम के सामाजिक -आर्थिक न्याय के विचार को भारतीय संविधान के रूप में देश को प्रदान किया और समतामूलक समाज व राष्ट्र के निर्माण में अहम योगदान दिया। वही महिला नेत्री शारदा देवी ने कहा कि कार्यक्रम के जरिए बाबा साहेब, उनके विचारों और योगदान का स्मरण किया जा रहा है। सभा को पार्षद पांडी मुखी, डॉ अंजनी भूषण प्रसाद, डॉ प्रेम, , डॉ एस के रत्नाकर, कार्यपालक अभियंता हरिनंदन रजक, लक्ष्मण प्रसाद,उपेन्द्र रजक, सुजीत कुमार, राजेन्द्र राम, योगेन्द्र राम, यदुनंदन राम, भरत राम, पवन पसवान , मनोज पसवान,कमलेश राम, बसंत कुमार, खिरोद सरदार, रामाशीष राम, ललिता , सेवती मुखी, मिसार बंसरिया वैजयंती बारिक,राजू रजक, बंटी रजक, सुशील मंडल, सुनील राम, राजीव प्रधान आदि ने संबोधित किया। सभा में सैकड़ो की संख्या में महिला पुरुष शामिल थे।









